प्रेस विज्ञप्ति

11 नवम्बर 2020
11-11-2020
11 नवम्बर 2020

  • चंडीगढ़, 11 नवम्बर- हरियाणा की आर्थिक राजधानी कहे जाने वाले ग्लोबल सिटी गुरुग्राम को विश्व के मानचित्र पर उभारने की एक और पहल करते हुए हरियाणा के मुख्यमंत्री श्री मनोहर लाल ने गुरुग्राम को देश का स्मार्टेस्ट सिटी बनाने की घोषणा की है। इस कड़ी में उन्होंने मानेसर में अलग से नया नगर निगम बनाने तथा इस क्षेत्र में न्यू गुरुग्राम शहर विकसित करने के प्रस्ताव का सुझाव दिया।
  • मुख्यमंत्री आज वीडियो कॉन्फ्रेंस के माध्यम से गुरुग्राम में प्रोजेक्ट एयर केयर व गुरुग्राम-महरौली रोड पर गुरुग्राम के प्रवेश मार्ग के सौंदर्यकरण की दो परियोजनाओं के लोकार्पण अवसर पर बोल रहे थे।
  • मुख्यमंत्री ने कहा कि राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र में गुरुग्राम व फरीदाबाद महानगर होने के नाते यहां दोनों शहरों के लिए अलग से महानगर विकास प्राधिकरण पहले ही गठित किए जा चुके हैं। इन शहरों में वायु प्रदूषण हम सब के लिए एक चिंता का विषय है और इसी को देखते हुए वायु को साफ करने के लिए आज दो प्रोजेक्ट एयर केयर योजनाओं की शुरुआत की गई है।
  • मुख्यमंत्री ने कहा कि गुरुग्राम व फरीदाबाद के साथ-साथ करनाल को भी स्मार्ट सिटी परियोजना में शामिल किया गया है। इन शहरों में स्मार्ट मानदण्डों के अनुरूप जल प्रबंधन, सुरक्षा प्रणाली, सार्वजनिक परिवहन व भवन, सुशासन, ई-एजुकेशन, टेली मेडिसन जैसी सुवधिाएं विकसित करने की आवश्यकता है और इसी के अनुरूप इन्फ्रास्ट्रक्चर विकसित किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि आज लोकार्पित की गई ये दो महत्वपूर्ण परियोजनाएं भी इसी कड़ी का हिस्सा हैं।
  • गुरुग्राम के लोगों को इन दो परियोजनाओं के लिए बधाई एवं शुभकामनाएं देते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि ये परियोजनाएं दीपावली के उपहार स्वरूप हैं। उन्होंने कहा कि गुरुग्राम के लोगों को त्वरित प्रशासनिक सेवाएं उपलब्ध करवाने के दृष्टिगत यहां पर लगभग 180 करोड़ रुपये की लगात से टॉवर ऑफ जस्टिस का निर्माण भी करवाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि यहां का लोक निर्माण विभाग का विश्राम गृह स्टेट ऑफ आर्ट के नाम से जाना जाता है जो इस शहर का गौरव भी है।
  • बैठक में मुख्यमंत्री के मुख्य प्रधान सचिव श्री डी.एस.ढेसी भी उपस्थित थे।
     
  • चंडीगढ़, 11 नवंबर- युवाओं को उद्यमी के तौर पर विकसित कर आत्मनिर्भर बनाने के लिए हरियाणा के मुख्यमंत्री श्री मनोहर लाल आगामी 11 फरवरी को पंडित दीन दयाल उपाध्याय की जयंती पर रिटेल एक्सपेंशन प्रोजेक्ट का शुभारंभ करेंगे। इसके तहत प्रदेशभर में 2000 रिटेल आउटलेट खोले जाएंगे। प्रदेश सरकार की सोच अंत्योदय की भावना के अनुरूप हरियाणा के अंतिम व्यक्ति तक सरकारी योजनाओं का लाभ पहुंचाना है।
  • यह निर्णय आज यहां मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में रिटेल आउटलेट स्थापित करने के संबंध में हरियाणा एग्रो इंडस्ट्रीज कॉर्पोरेशन लिमिटेड की एक बैठक में लिया गया। इस बैठक में कृषि मंत्री श्री जे पी दलाल व सहकारिता मंत्री श्री बनवारी लाल भी उपस्थित थे। बैठक में प्रोजेक्ट को क्रियान्वित करने के लिए ई-टेंडरिंग के माध्यम से आमंत्रित एजेंसी का चयन किया गया।
  • प्रोजेक्ट की विस्तृत जानकारी देते हुए हरियाणा एग्रो इंडस्ट्रीज कॉर्पोरेशन लिमिटेड के प्रबंध निदेशक श्री रोहित यादव ने बताया कि ग्रामीण क्षेत्रों में 1500 और शहरी क्षेत्र में 500 रिटेल आउटलेट खोले जाएंगे। ग्रामीण क्षेत्र में सरकार द्वारा आउटलेट तैयार करके युवाओं को दिए जाएंगे। महिला सशक्तिकरण को बढ़ावा देने और युवाओं को प्रोत्साहित करने के लिए फ्रेंचाइजी पॉलिसी में प्रावधान भी किया जाएगा।
  • उन्होंने बताया कि इन रिटेल आउटलेट में मुख्यत: रोजमर्रा के उत्पाद व खाद्य पदार्थ रखे जाएंगे। इन आउटलेट में 30 प्रतिशत उत्पाद सरकारी उपक्रमों जैसे हैफेड, वीटा, अमूल, नैफेड, खादी बोर्ड, स्वयं सहायता समूह और किसान उत्पादक संगठन इत्यादि के रखे जाएंगे। इसके अलावा, 30 प्रतिशत उत्पाद हरियाणा व आस-पास के क्षेत्र के लघु, मध्यम एवं सूक्ष्म उद्योगों द्वारा तैयार उत्पाद रखे जाएंगे। साथ ही, 40 प्रतिशत राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर ख्याति प्राप्त ब्रांड के भी उत्पाद रखे जाएंगे। इन आउटलेट पर उच्च गुणवत्ता वाले उत्पाद ही रखे जाएंगे।
  • उन्होंने बताया कि इन आउटलेट को स्थापित करने के लिए निजी क्षेत्र की सर्वोत्तम प्रथाएं जैसे लॉजिस्टिक व आपूर्ति श्रंखला प्रबंधन को शामिल किया जाएगा, जिससे सभी आउटलेट पर एक समान उच्च गुणवत्ता वाले उत्पादों की उपलब्धता सुनिश्चित हो सकेगी। केंद्रीयकृत आईटी प्रणाली के तहत शत-प्रतिशत कंप्यूटर ऑपरेटिड आउटलेट होंगे। लेन-देन ई-बिल के माध्यम से पारदर्शी तरीके से होगा। आउटलेट के संचालन के लिए युवाओं को सरकार द्वारा प्रशिक्षण भी दिया जाएगा। सरकार का उद्देश्य उत्पादक, दुकानदार और ग्राहकों को अधिक से अधिक लाभ पहुंचाना है।
  • उन्होंने बताया कि इस प्रोजेक्ट के सफल क्रियान्वयन के लिए हरियाणा एग्रो इंडस्ट्रीज कॉर्पोरेशन लिमिटेड के अंतर्गत एक अलग डिवीजन स्थापित किया गया है और इसमें ऐसे विशेषज्ञों को शामिल किया गया है, जिन्हें इस तरह के प्रोजेक्ट को संचालित करने का लंबा अनुभव है।
  • बैठक में कृषि एवं किसान कल्याण विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव श्री देवेंद्र सिंह, मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव श्री वी. उमाशंकर, विकास एवं पंचायत विभाग के प्रधान सचिव श्री सुधीर राजपाल सहित अन्य अधिकारी उपस्थित थे।
     
  • चंडीगढ़, 11 नवंबर- हरियाणा सरकार ने नैशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल (एनजीटी) के दिशा-निर्देशों के अनुसार राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (एनसीआर) से सटे जिलों में 9-10 नवंबर 2020 की मध्यरात्रि से 30 नवंबर-1 दिसंबर 2020 की मध्यरात्रि तक सभी प्रकार के पटाखों की बिक्री या बजाने व चलाने के लिए पूर्ण रूप से प्रतिबंध लगाने का फैसला किया है। मुख्यमंत्री श्री मनोहर लाल की घोषणा के अनुसार हालांकि दिवाली पर हरियाणा के अन्य जिलों में लोग केवल दो घंटे के लिए पटाखे बजा व चला सकते हैं।
  • एक सरकारी प्रवक्ता ने इस बारे में जानकारी देते हुए बताया कि केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (सीपीसीबी) के वायु गुणवत्ता के आंकड़ों के अनुसार एनसीआर से बाहर पडऩे वाले ‘फतेहाबाद’ में नवंबर 2020 में वायु गुणवत्ता गंभीर स्थिति में है। इसी तरह, हिसार, बहादुरगढ़, बल्लबगढ़, धारूहेड़ा, कैथल, कुरुक्षेत्र और मानेसर वायु गुणवत्ता की ‘बहुत खराब’ श्रेणी में और अंबाला, नारनौल, पलवल और सिरसा में वायु गुणवत्ता ‘खराब’ श्रेणी में है, इसलिए एनजीटी के आदेशों का पालन करते हुए इन जिलों में पटाखों की बिक्री व उनको बजाने व चलाने पर पूरी तरह से प्रतिबंध रहेगा।
  • प्रवक्ता ने आगे जानकारी देते हुए बताया कि जिन शहरों या कस्बों में वायु की गुणवत्ता निर्धारित आंकड़े से ‘मध्यम’ या ‘नीचे’ है, वहां पर केवल हरे रंग के पटाखे बेचे जा सकते हैं। उन्होंने बताया कि संबंधित राज्य द्वारा निर्दिष्ट दीपावली, छठ, नया साल, क्रिसमस जैसे त्योहारों के दौरान पटाखे बजाने व चलाने का समय दो घंटे तक सीमित रखा जाना चाहिए।
  • प्रवक्ता ने बताया कि मुख्य सचिव श्री विजयवर्धन ने पहले ही एनजीटी के आदेशों के तुरंत प्रभाव से अनुपालन के लिए जिला मैजिस्ट्रेटों, पुलिस अधीक्षकों व हरियाणा राज्य प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड को एक पत्र जारी किया हुआ है।